अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 43

हथकडीयां पहना हूवा और पुलिससे घेरा हूवा ऍंथोनी वेअर हाऊससे बाहर निकला. उसके साथ सब हथीयारसे लेस पुलिस थी क्योंकी वह कोई सादासुदा कातिल ना होकर चार चार कत्ल किया हूवा सिरियल किलर था. पुलिसने ऍन्थोनीको उनके एक…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 34

डिटेक्टीव्ह सॅम सुबह सुबह हॉलमें बैठकर चाय पीते हूए टीव्ही देख रहा था. एक एक घूंट धीरे धीरे पिते हूए मानो वह चायका आनंद ले रहा हो. देखनेके लिए तो वह टिव्हीकी तरफ देख रहा था लेकिन उसके…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 36

क्रिस्तोफरके मकानके बगलमें एक गेस्टरुम थी. उस रुममे दो पुलीस रिचर्ड और इरिक उनके सामने रखे सर्किट टिव्हीपर क्रिस्तोफरके बेडरुमकी निगरानी कर रहे थे. ” आखिर लाख कोशिशोंके बावजुद हमें कुत्ते और बिल्लीयोंकी हरकतोपर ध्यान रखनेकी नौबत आगई…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 44

संभ्रमकी स्थितीमें डिटेक्टिव सॅमने धीरे धीरे वेअरहाऊसमें प्रवेश किया. अंदर जानेके बाद वह इधर उधर देखते हूए उस बिल्लीको ढूंढने लगा. पहलेही अंधेरा और उपरसे वह बिल्ली काले रंग की. ढूंढना मुश्कील था. उसने वेअरहाऊसमें सब तरफ अपनी…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 52

डिटेक्टीव सॅम कारागृहमें ऍंथोनीके सामने बैठा था. डिटेक्टिव सॅमको कैसे बात शुरु करे कुछ समझमें नही आ रहा था. आखिर उसने कहा, ” मुझे इतने दिनोंसे एक सवालका जवाब नही मिल रहा था की वह सब नॅन्सीने मुझेही…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 35

डिटेक्टीव्ह सॅम कॉन्फरंन्स रुमममे पोडीयमपर डेस्कके पिछे खडा था. उसके सामने क्रिस्तोफर, दुसरे पोलिस अधिकारी और उसका पार्टनर बैठा हू था. ” अब मुझे पता चल चूका है की कातिल सारे कत्ल कैसे करता होगा…” डिटेक्टीव सॅमने एक…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 50

ऍंथोनीने इस मसलेको पुरी तरह आर या पार करनेका मनही मन ठान लिया था. आखिर उसे अपनी चमडी बचाना जरुरी था. क्या करना है यह उसने मनही मन तय किया था. लेकिन पहले एकबार नॅन्सीके भाईको मिलना उसे…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 38

क्रिस्तोफरके मकानके बगलमें एक कॅबिन था और उस कॅबिनमें इरिक अबभी कॉम्प्यूटरके सामने बैठा हूवा था. वह कॉम्प्यूटरके किबोर्डकी बटन्स दबाकर कुछ कर रहा था. रिचर्ड उसकी तरफ देखते हूए बोला, ” बडी आश्चर्यकी बात है !” ”…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 37

रिचर्ड, इरिक और डिटेक्टीव्ह सॅम सामने रखे सर्कीट टिव्हीकी तरफ देख रहे थे. उस टिव्हीपर बिल्लीकी सारी हरकते दिख रही थी. रिचर्ड कुछ दिखानेके पहलेही इरिकने बिचमें घुसकर कॉम्प्यूटरपर कब्जा कर लिया. रिचर्डको उसके इस व्यवहारका गुस्सा आया…

अद्भुत ( हिन्दी उपन्यास) – चेप्टर 39

डिटेक्टीव्ह सॅम और उसके टीमकी गाडीयां तेजीसे रास्तेपर दौड रही थी. कातिलका ठिकाना तो उन्हे पता चल चूका था लेकिन अब जल्द से जल्द वहां जाकर वह रफ्फू चक्कर होनेसे पहले उसे पकडना जरुरी था. गाडीयोंकी गतिके साथ…